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रोजमर्रा के काम को प्रभावित करता है Migraine का दर्द, इन टिप्स की मदद से पाएं इससे राहत

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माइग्रेन एक ऐसा सिरदर्द है जो रोज़मर्रा की ज़िंदगी को मुश्किल बना देता है। अमेरिका के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर एंड स्ट्रोक के अनुसार, माइग्रेन सिर के एक हिस्से में होने वाला तेज़, धड़कता हुआ दर्द है। इस दर्द के कारण कई ज़रूरी मौके छूट जाते हैं। अगर आप अपने माइग्रेन के ट्रिगर्स को पहले से जान लें और कुछ आसान कदम उठाएँ, तो आप इस दर्द को होने से पहले ही काफी हद तक रोक सकते हैं।

यहाँ कुछ माइग्रेन ट्रिगर्स दिए गए हैं:

  • नींद-जागने के पैटर्न में बदलाव
  • मौसम में बदलाव
  • शराब
  • खाद्य पदार्थों में मिलावट
  • महिलाओं में हार्मोनल बदलाव
  • कुछ प्रकार की दवाइयाँ
  • तनाव

माइग्रेन को कैसे प्रबंधित करें

एक डायरी रखें: माइग्रेन के दर्द के बारे में एक डायरी रखें। इससे आपको यह जानने में मदद मिलेगी कि आपके ट्रिगर्स क्या हैं। आप देख सकते हैं कि आपको माइग्रेन वीकेंड पर होता है या सुबह या दोपहर में। अगर आप माइग्रेन के दर्द की दवा ले रहे हैं, तो आप इन बातों को डायरी में लिख सकते हैं। आप किसी ऐप की मदद से भी इसका रिकॉर्ड रख सकते हैं।

तनाव को प्रबंधित करना सीखें: माइग्रेन एक पुरानी बीमारी है और यह ठीक नहीं होती। इसके लिए जितना हो सके स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की कोशिश करें। माइग्रेन के ट्रिगर्स को पहचानने के साथ-साथ तनाव को नियंत्रित करना भी उतना ही ज़रूरी है। उचित आहार और अच्छी नींद के साथ, अवसाद के इलाज के लिए दवाओं की तुलना में अच्छी मनोचिकित्सा ज़्यादा कारगर होती है।

उपचार के अन्य तरीके: दर्द के इलाज के लिए एक्यूपंक्चर जैसी आयुर्वेद विधियों का भी सहारा लिया जा सकता है। इसके लिए किसी अनुभवी चिकित्सक से सलाह लें। बार-बार होने वाले माइग्रेन के दौरे को कम करने के लिए प्राकृतिक सप्लीमेंट्स लें। इन सप्लीमेंट्स को लेने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूर बात करें।

निवारक चिकित्सा सहायता: अगर माइग्रेन का दर्द बार-बार होता है, तो आप मौसम या तापमान में बदलाव होने पर अपने डॉक्टर की सलाह पर निवारक दवाएं भी ले सकते हैं।

ज़्यादा प्राकृतिक चीज़ें खाएँ: विशेषज्ञ कैफीन और चीनी का सेवन सीमित करते हैं।
सलाह: आहार में प्रोसेस्ड फ़ूड कम से कम लें और जितना हो सके MSG जैसे रसायनों से दूर रहें। कार्बोहाइड्रेट और चीनी की बजाय प्रोटीन और सब्ज़ियाँ खाएँ। अगर किसी खाद्य पदार्थ के लेबल पर उसकी सामग्री के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं है, तो उसे खाने से बचें।

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